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पहिली ते दहावी संपूर्ण अभ्यास

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सोमवार, २६ ऑक्टोबर, २०२६

ऑक्टोबर २६, २०२६

4th scolarship (स्वाध्याय) समानार्थी शब्दावरील स्वाध्याय

  समानार्थी शब्दावरील स्वाध्याय




     

1. 'तिमिर' या शब्दाचा समानार्थी शब्द कोणता ?
   (1) दुष्काळ (2) काळोख (3) प्रकाश (4) रात्र

स्पष्टीकरण : 'तिमिर' या शब्दाचा समानार्थी शब्द 'काळोख' हा आहे; म्हणून पर्याय (2) हे उत्तर.

2. समान अर्थाच्या शब्दांची चुकीची जोडी निवडा :
  (1) सिंह --केसरी (2) हत्ती -- कुरंग (3) बैल --वृषभ (4) घोडा --अश्व

स्पष्टीकरण : कुरंग हा हरीण या शब्दाचा समानार्थी शब्द आहे. हत्ती या शब्दाचे गज, कुंजर हे समानार्थी शब्द आहेत; म्हणून पर्याय (2) हे उत्तर.

3. 'कावळा' या शब्दाचा कोणता शब्द समानार्थी नाही ?
  (1) काक (2) एकाक्ष (3) वायस( 4) शुक

स्पष्टीकरण : शुक शब्दाचा समानार्थी शब्द 'पोपट' आहे; म्हणून पर्याय (4) हे उत्तर.

4. भिन्न अर्थाच्या शब्दाच्या पर्याय-क्रमांकाचे वर्तुळ रंगवा:   (1) सुधाकर (2) भास्कर (3) आदित्य (4) सविता

स्पष्टीकरण : भास्कर, आदित्य, सविता हे 'सूर्य' या शब्दाचे समानार्थी शब्द आहेत. सुधाकर हा चंद्र या शब्दाचा समानार्थी शब्द आहे; म्हणून पर्याय (1) हे उत्तर

(  📖सरावासाठी प्रश्न )

प्र. 1. पुढील दिलेल्या ठळक अक्षरातील प्रत्येक शब्दाचा समानार्थी शब्द निवडून, त्याच्या पर्याय क्रमांकाचे वर्तुळ रंगवा :

1. शत्रू : (1) असुर (2) चांडाळ (3) रिपु ( 4) ठग
उत्तर:3) रिपु

2.संग्राम : (1) खड्ग (2) समर (3) अरिष्ट (4) धाक
उत्तर:2) समर

3. आत्मज: (1) मुलगी (2) स्वामी (3) अनल (4) नंदन
उत्तर:4) नंदन

4. साप : (1) भुजंग (2) तुरग (3) बक (4) वत्स
उत्तर:1) भुजंग

5. निर्झर : (1) पाणी (2) कालवा (3) झरा (4) पर्जन्य
उत्तर:3) झरा

  6. भ्रमर : (1) पद्म (2) भुंगा (3) विहग (4) अही
उत्तर:2) भुंगा

  7. किल्ला : (1) भूमी (2) आरमार (3) कारागृह (4) दुर्ग
उत्तर:4) दुर्ग

8. कृपण: (1) कंजूष  (2) कृश (3) अचल (4) जागृती
उत्तर:1) कंजुष

9. पक्षी : (1) श्वापद (2) भृंग (3) खग (4) खगेन्द्र
उत्तर:3) खग

10.नृप : (1) धनी (2) भूपती (3) जनक (4) देवेंद्र
उत्तर:2) भूपती

प्र. 2. पुढील दिलेल्या ठळक अक्षरांतील प्रत्येक शब्दाचा समानार्थी नसलेल्या शब्दाच्या पर्याय-क्रमांकाचे वर्तुळ रंगवा :

1. समुद्र : (1) पयोधी (2) जलनिधी (3) सिंधू (4) अंबुद
उत्तर :4) अंबुद

2. वीज : (1) तडिता (2) दुहिता (3) चंचला (4) बिजली
उत्तर:2) दुहिता

3. आश्चर्य : (1) गर्व (2) नवल (3) अचंबा (4) विस्मय
उत्तर:1) गर्व

4. रात्र : (1) रजनी (2) निशा (3) वसुधा (4) यामिनी
उत्तर:3) वसुधा

5. वंदन : (1) प्रणाम (2) चरण (3) नमन (4) प्रणिपात
उत्तर:2) चरण

6. महिला (1) ललना (2) नारी (3) स्त्री (4) मोहिनी
उत्तर:4) मोहिनी

7. अग्नी : (1) अनिल (2) पावक (3) वन्ही (4) विस्तव
उत्तर:1) अनिल

8. आनंद : (1) मोद (2) तोष (3) वैभव (4) आमोद
उत्तर: 3)वैभव

9. सदन : (1) निवास (2) देवालय (3) आलय (4) भवन
उत्तर: 2) देवालय

10. काया:(1) देह (2) शरीर (3) अंग (4) कुटी
उत्तर:4) कुटी

प्र. 3. समान अर्थाच्या शब्दांची चुकीची जोडी निवडा :

1. (1) उदंड = पुष्कळ
      (2) वावर = शिवार
      (3) कासावीस = निराश
      (4) आर्जव = विनंती
उत्तर:3) कासावीस = निराश


2. (1) आयुष्य = जीवन
    (2) पर्वा = फिकीर
    (3) कुतूहल = उत्सुकता
   (4) वचक = समाधान
उत्तर:4) वचक = समाधान

3. (1) धनुष्य = कोदंड
    (2) तलाव = तटाक
    (3) उपवन = कानन
    (4) ध्वज = निशाण
उत्तर:3) उपवन = कानन

4. (1) ऐश्वर्य = श्रीमंत
    (2) उत्कर्ष = भरभराट
    (3) प्रयत्न = मेहनत
    (4) अहंकार = घमेंड
उत्तर :1) ऐश्वर्य = श्रीमंत

5. (1) पवन = वारा
    (2) पंकज = कमळ
    (3) विनय = रुबाब
    (4) आनंद = समाधान
उत्तर:3) विनय = रुबाब

प्र. 4. पुढील प्रत्येक प्रश्नातील भिन्न अर्थाच्या शब्दाच्या पर्याय-क्रमांकाचे वर्तुळ रंगवा :

1. (1) नेता (2) नायक (3) पुढारी (4) भूपाळ
उत्तर:4) भूपाळ

2. (1) सुमन (2) सरोज (3) कुसुम (4) पुष्प
उत्तर:2) सरोज

3. (1) उदर (2) वदन (3) आनन (4) मुख
उत्तर:1) उदर

4. (1) बळ (2) सामर्थ्य (3) बाणा (4) ताकद
उत्तर :3) बाणा

5. (1) कांचन (2) अलंकार (3) हेम (4) कनक
उत्तर:2) अलंकार

6. (1) सलील (2) समीर (3) पवन (4) अनिल
उत्तर:1) सलील

7. (1) दोस्त (2) सवंगडी (3) सोबती (4) भ्राता
उत्तर:4) भ्राता

8. (1) अचल (2) नग (3) शीव (4) गिरी
उत्तर:3) शीव

9. (1) पीयूष (2) क्षीर (3) अमृत (4) सुधा
उत्तर:2) क्षीर

10. (1) सुता (2) भार्या (3) दारा (4) कांता
उत्तर:1) सुता

प्र. 5. पुढील वाक्यांतील अधोरेखित शब्दासाठी समानार्थी शब्दाच्या पर्याय क्रमांकाचे वर्तुळ रंगवा:

1. खाणीतील मजूर अविरत परिश्रम करीत असतात.
    (1) आपत्ती (2) पुष्कळ (3) अखंड (4) शिकस्त
उत्तर:3) अखंड

2. गवईबुवांची ख्याती सर्वत्र पसरली होती.
    (1) कीर्ती (2) दुःस्थिती (3) विवंचना (4) उजाळा
उत्तर:1) कीर्ती

3. आंधळा मागतो एक डोळा, देव देतो दोन.
    (1) श्रवण (2) हस्त (3) उदर (4) लोचन
उत्तर:4) लोचन

4. शरद ऋतूतील चांदणे मला खूप आवडते.
  (1) इंदू (2) कौमुदी (3) सविता (4) सरिता
उत्तर:2) कौमुदी

5. श्रीकृष्णाच्या हाती बासरी शोभून दिसते.
  (1) रावा (2) वारी (3) अवनी (4) अलगुज
उत्तर:4) अलगुज

6. जंगलतोड केल्यामुळेच दुष्काळ पडला.
   (1) संहार (2) अवर्षण (3) टेंभा (4) संकट
उत्तर:2) अवर्षण
ऑक्टोबर २६, २०२६

यदि मैं स्कूल का प्रधानाचार्य होता...

 

                                       यदि मैं स्कूल का प्रधानाचार्य होता... 


रूपरेखा (1) प्रधानाचार्य बनने की कल्पना (2) पढ़ाई की उचित व्यवस्था (3) अन्य गतिविधियों को प्रोत्साहन (4) प्रधानाचार्य के रूप में आदर्श स्थापित करना (5) अपनी पाठशाला को शहर की सबसे अच्छी पाठशाला बनाने का प्रयत्न]

         मेरे विद्यालय के प्रधानाचार्य एक योग्य और प्रतिभाशाली व्यक्ति हैं। अपने काम में वे बहुत ही कुशल हैं। उन्हें देखकर में सोचता हूँ कि बड़ा होकर यह पद प्राप्त करता तो क्या करता?         सचमुच, यदि में प्रधानाचार्य होता, तो अपने विद्यालय को शहर का सबसे अच्छा विद्यालय बनाता विद्यार्थियों के ज्ञान का स्तर ऊंचा उठाने के लिए मैं कुशल, लगनशील और विद्वान अध्यापकों की नियुक्ति करता। मैं विज्ञान पर विशेष जोर देता। इसके लिए विद्यालय की प्रयोगशाला को समृद्ध और आधुनिक बनाने का प्रयत्न करता पुस्तकालय में विद्यार्थियों को आवश्यकता को सभी पुस्तकें रखवाता विविध भाषाओं के अखबार तथा उपयोगी पत्रिकाएँ भी मंगवाता चित्रकला, संगीत व संगणक प्रशिक्षण के लिए मैं अपने विद्यालय में अच्छी व्यवस्था करवाता ।

       में विद्यार्थियों के विकास पर अधिक ध्यान देता। मैं अपने विद्यालय में समय-समय पर वाद-विवाद प्रतियोगिता, निबंध स्पर्धा, भाषण प्रतियोगिता आदि का आयोजन करता। इसके अलावा विशेष अवसरों पर विद्वानों के प्रवचन तथा कवि सम्मेलनों का आयोजन करवाता। मैं अपने विद्यालय में विद्यार्थियों के शारीरिक विकास को बहुत महत्त्व देता। अपने स्कूल में मैं खेल कूद तथा व्यायाम के सभी साधन उपलब्ध कराता एस. एस. सी. परीक्षा के परिणाम की मेरिट सूची में मेरे विद्यालय के विद्यार्थियों के नाम अवश्य होते। मेरे स्कूल को कैंटीन इतनी साफ-सुथरी और समृद्ध होती कि विद्यार्थियों को बाहर की चीजें खाने की जरूरत ही न पड़ती। 

        मैं अनुशासन और विद्यार्थियों के चरित्र निर्माण पर विशेष ध्यान देता। इसके लिए मैं स्वयं परिश्रम एवं निष्ठापूर्वक काम करता। मैं अपने सादे जौवन एवं उच्च विचारों से विद्यार्थियों और शिक्षकों के सामने अनुकरणीय आदर्श प्रस्तुत करता। अपने साथी अध्यापकों और आफिस के कर्मचारियों के प्रति मेरा व्यवहार सहानुभूतिपूर्ण होता ।

      यदि में प्रधानाचार्य होता, तो अपने विद्यालय को मैं एक आदर्श और लोकप्रिय शिक्षा संस्था बनाने की भरसक कोशिश करता। ●

ऑक्टोबर २६, २०२६

अगर बचपन लौट आए

 

                      अगर बचपन लौट आए 




[ रूपरेखा (1) जीवन की विभिन्न अवस्थाएँ (2) निश्छल बचपन (3) कुछ इच्छाएँ (4) बचपन की खुशियाँ (5) बचपन का लौटना असंभव।] 

    में नौवोंक्षा में पढ़ रहा हूँ। मैं १५ वर्ष का हो चुका हूँ। पढ़ाई का बहुत-सा बोझ अभी से मेरे सिर पर आ पड़ा है। 

      जीवन की तीन मुख्य अवस्थाएँ होती हैं बचपन, जवानी और बुढ़ापा बचपन खेल-कूद, पढ़ाई-लिखाई और मौज-मस्ती की उम्र होती है। जवानी में व्यक्ति को तरह-तरह की जिम्मेदारियों निभानी पड़ती हैं। फिर बुढ़ापे में शरीर कमजोर हो जाता है। ज्यादा काम करना संभव नहीं होता। इसलिए सबसे प्यारी उम्र बचपन की ही होती है। बचपन को जीवन की 'सुहावनी' सुबह कहा जाता है। 

      बचपन में मन बहुत निश्छल होता है। यदि बचपन लौट आए, तो मनुष्य का मन फिर से निर्मल हो जाए। मन में ईर्ष्या, द्वेष, छल, कपट, घमंड, स्वार्थ आदि के लिए कोई स्थान न रहे। आपसी लड़ाई झगड़े का भी नामनिशान न रहे।

मेरा बचपन लौट आए, तो मैं अपनी दादी माँ से जी भरकर परियों की कहानियाँ सुनूँ। दोस्तों के साथ दिनभर लुका-छिपी का खेल खेलूं अपना जन्मदिन बार-बार मनाऊँ। 

      बचपन लौट आए. तो निश्चितता व मस्ती भरे ये सुनहरे दिन भी लौट आएँ। बाल कृष्ण की तरह अपने सखाओं के साथ में खेल-कूद में मस्त रहूँ पेड़ों पर चढ़कर आम व जागुन के फल तोहूँ। धूल-मिट्टी में खेलने से कभी न हिचकें फिर से तन्हा बालक बन जाऊँ तो सिर पर पढ़ाई-लिखाई का कोई बोझ न रहे गणित और विज्ञान में इतनी माथापच्ची करने से छुट्टी मिल जाए। सदा सिर पर सवार रहने वाली परीक्षाओं से छुटकारा हो जाए। 'मछली जल की रानी है, उसका जीवन पानी है' ऐसे-ऐसे शिशुगीत गाता रहूँ । 

        बचपन लौट आए, तो दिल के बगीचे में खुशियों के फूल खिल उठें पिता जी मुझे मनपसंद खिलौने दिलाएँ, माँ मुझे मीठी मीठी लोरियाँ सुनाए। दीदी मुझे चाकलेट और टाफियाँ दे कितना मजा आए, यदि बचपन लौट आए तो... । बचपन जीवन का स्वर्णकाल है। क्या एक बार गया हुआ बचपन फिर कभी वापस लौट सकता है?

ऑक्टोबर २६, २०२६

फळांची नावे मराठी व इंग्रजीमध्ये

 

 


फळांची नावे मराठी व इंग्रजीमध्ये

1.    Concord Grapes   ( काँन्कर्ड ग्रेप्स )  काळी द्राक्षे

2.    Apple  ( अॅपल )   सफरचंद

3.   Jackfruit  ( जॅकफ्रूट )  फणस

4.   Papaya  ( पपया ) पपई

5.   Lime  ( लाईम )  लिंबू

6.    Sweet lime  ( स्वीट लाईम )  मोसंबी

7.    Grapes  ( ग्रेप्स ) द्राक्षे

8.   Coconut ( कोकोनट ) नारळ

9.   Jujube  ( जुजुब )  बोर

10. Jamun  ( जामुन )  जांभूळ

11. Fig   ( फिग )  अंजीर

12. Orange ( ऑरेंज ) संत्रे

13.Chickoo ( चिक्कू )  चिक्कू

14.Custard Apple ( कस्टर्ड अॅपल ) सीताफळ

15.Strawberry   ( स्ट्रॉबेरी )   स्ट्रॉबेरी

16.Pomegranate  ( पॉम्ग्रैनिट )  डाळिंब

17.Mango  ( मॅंगो ) आंबा

18.Guava  ( ग्वावा )  पेरू

19.Watermelon  ( वॉटर मेलन ) टरबूज

20.Raspberry  ( रास्पबेरी )   राजबेरी

21. Pineapple ( पायनॅपल ) अननस

22. Banana  ( बनाना )   केळी

23.Lychee  ( लीची )  लीची

24. Kiwi   ( किवी )  किवी

25.Mulberry  ( मलबेरी ) तुतीचेफळ

26.Pear  ( पेयर )  नासपती

27.Lemon ( लेमन )   लिंबू

28.Muskmelon ( मस्कमेलन ) खरबूज

29. Plum ( प्लम )  मनुका,आलबुखार

30.Sapodilla (सॅपोडिला) चिकू 

31.Date (डेट) खजूर 

32. Indian Gooseberry (इंडियन गूस्बेरी) आवळा 

33.Tamarind (टैमरीन्ड) चिंच    

34.Apricot (एप्रकॉट) जर्दाळू 

35. Wood Apple (वूड अॅपल) कवठ  

36.Almond (आमन्ड) बदाम 

37. Cashew (कैशू) काजू 

38. Pistachio (पिस्टैशीओ) पिस्ता

ऑक्टोबर २६, २०२६

जंगली प्राण्यांची नावे मराठी व इंग्रजी मध्ये

 

 


Names of Wild Animals in Marathi and English

 जंगली प्राण्यांची नावे मराठी व इंग्रजी मध्ये

1.    Tiger ( टाइगर ) वाघ

2.   Elephant  ( एलफन्ट )  हत्ती

3.   Camel   ( कॅमल )  उंट

4.   Lion  ( लॉयन )  सिंह

5.   Cheetah   ( चीता )  चित्ता

6.   Giraffe  ( जिराफ )  जिराफ

7.   Wolf   ( वुल्फ )  लांडगा

8.  Kangaroo   ( कॅंगरू )  कांगारू

9.   Deer   ( डीअर )  हरिण

10. Zebra  ( झेब्रा )  झेब्रा

11. Reindeer  ( रेनडीअर )  सांबर

12. Rhinoceros  ( रायनोसोर्स )  गेंडा

13. Boar  ( बोअर )  रानडुक्कर

14. Bison  ( बायसन )  गवा

15. Leopard  ( लेफर्ड )  बिबट्या

16. Fox  ( फॉक्स )  कोल्हा

17. Bear  ( बेअर )  अस्वल

18. Panda  ( पॅण्डा )  पांडा

19. Gorilla  ( गोरिल्ला )  गोरिला

20. Chimpanzee  ( चिंपांझी )  एक मोठा अफ्रीकन वानर

21. Hyaena  ( हायना )  तरस

ऑक्टोबर २६, २०२६

फुलांची नावे मराठी आणि इंग्रजीमध्ये

 

 


Flowers Name In Marathi and English

 फुलांची नावे मराठी आणि इंग्रजीमध्ये

1.    Cosmos  ( कॉसमॉस )  कॉसमॉस

2.   Lotus ( लोटस )  कमळ

3.   Hibiscus  ( हाइबिस्कस ) जास्वंद

4.   Dhotra  ( धोत्रा )  धोतरा

5.   Dahlia  ( डेलिया )  डेलिया

6.   Mogra  ( मोगरा )  मोगरा

7.   Hybrid Zinnia  ( हायब्रिड जिनिया ) झिनिया

8.  Water Lily  ( वॉटर लिली ) पाण्यातील लिली

9.   Marigold ( मेरगोल्ड )   झेंडू

10. Rose  ( रोज )   गुलाब

11. Aster  ( अॅस्टर )  अॅस्टर

12. Champa  ( चंपा )  चाफा

13. Sunflower  ( सनफ्लावर )  सूर्यफूल

14. Tuberose   ( ट्यूबरोझ )  ट्यूबरोझ

15. Periwinkle  ( पेरिविंकल )  सदाफुली

16. Lily  ( लिली )   लिली

17. Bluebell  ( ब्ल्युबेल )  नीलघंटी

18. Canna  ( कॅना )   कर्दळ

19. Daisy  ( डेजी )  गुलबहार

20. Poppy  ( पॉपी )  पॉपी

21. Morning Glory  ( मॉर्निंग ग्लोरी )  मॉर्निंग ग्लोरी

22. Iris  ( आईरीस )  आईरीस

23. Bougainvillea  ( बोगनवेलिया ) बोगनवेल

24. Tulip  ( ट्यूलिप )  ट्यूलिप

25. Pansy ( पैन्सी )  बनफुल

26. Daffodil  ( डैफोडिल )   डैफोडिल

ऑक्टोबर २६, २०२६

भाज्यांची नावे मराठी आणि इंग्रजीमध्ये

 

 


Vegetables Name In Marathi and English

भाज्यांची नावे मराठी आणि इंग्रजीमध्ये

1.     Tomato ( टोमॅटो ) टमाटा

2.   Lady Finger ( लेडी फिंगर ) भेंडी

3.   Onion  ( अनियन ) कांदा

4.     Brinjal  ( ब्रिंजल )  वांगे

5.     Green Peas ( ग्रीन पीज )   वाटाणे

6.     Ginger  ( जिंजर )  अद्रक ,आले

7.     Capsicum  ( कॅप्सिकम )  ढब्बूमिरची

8.     Bitter Gourd  ( बिटर गुवार्ड )  कारले

9.    Mushroom ( मशरूम )  भूछत्र,अळंबी

10.  Beetroot ( बीटरूट )  बीट

11.  Carrot  ( कॅरट )  गाजर

12.  Radish   ( रॅडिश )   मुळा

13.  Spinach  ( स्पिनॅच )   पालक

14.  Ridge Gourd   ( रिज गुवार्ड )   दोडके

15.  Fenugreek  ( फेन्यूग्रीक ) मेथी

16.  Cauliflower  ( कॉलिफ्लॉवर )  फुलकोबी

17.  Potato ( पोटॅटो )   बटाटा

18.  Chillies   ( चिलीज )   मिरच्या

19.  Garlic  ( गार्लिक )  लसूण

20.  Cucumber   (क्युकम्बर )   काकडी

21.   Sweet potato  ( स्वीट पोटॅटो )   रताळे

22.  Bottle Gourd   ( बॉटल गुवार्ड )  दूधी भोपळा

23.  Pumpkin   ( पम्किन )   तांबडा भोपळा

24.  Cabbage   ( कॅबेज )   पानकोबी

25.  Guvar  ( गुवार )   गवार

26.  Coriander ( कोरियंडर ) कोथिंबीर

27.  Tinda   ( टिंडा ) तोंडले,ढेमसे,दिलपसंद

ऑक्टोबर २६, २०२६

मेरी स्मरणीय यात्रा

 मेरी स्मरणीय यात्रा 



[ रूपरेखा : (1) यात्रा का उल्लेख (2) माथेरान पहुँचना (3) माथेरान की सैर (4) बाजार (5) याद आज भी ताजा ।

           मुझे यात्रा करना बहुत अच्छा लगता है। यों मैंने आज तक कई यात्राएँ की हैं। पिछली छुट्टियों में मैं माथेरान गया था। यह यात्रा मेरे लिए यादगार बन गई है। 

               दीवाली की छुट्टियों में मैंने अपने कुछ मित्रों के साथ माथेरान जाने का निश्चय किया था। मेरा पड़ोसी सतीश भी हमारे साथ था। यह कालेज में पढ़ता है। हम मुंबई के छत्रपति शिवाजी टर्मिनस से रेलगाड़ी में बैठे। ढाई घंटे के सफर के बाद हम नेरल पहुँचे। वहाँ से हम खिलौने जैसी 'मिनी ट्रेन' में बैठकर माथेरान की ओर चल पड़े। चारों ओर फैली हरियाली, हरे-भरे पेड़ और गहरी घाटियों की शोभा का आनंद लेते हुए हम माथेरान पहुँचे। यहाँ हम होटल 'हेवन' में ठहरे। माथेरान का वातावरण मोहक और स्फूर्तिदायक था। लाल-लाल मटमैले रास्ते और घने जंगल मन को मोह लेते थे। दोपहर के समय भी वहाँ की हवा में ठंडक थी। माथेरान में देखने लायक कई स्थल हैं। सुबह और शाम के समय हमने घूम-घूमकर इनमें से अनेक स्थल देखे। 

              यहाँ के हर स्थल की अपनी अलग विशेषता है। कुछ स्थल तो सचमुच अदभुत हैं। एको (प्रतिध्वनि) पॉइंट पर हमने कई बार चिल्लाकर अपनी ही प्रतिध्वनियाँ सुनीं। दूसरे दिन शाम को हमने सनसेट (सूर्यास्त) पॉइंट पर डूबते हुए सूर्य के दर्शन किए। पेनोरमा (चित्रावली) पॉइंट ने तो हमारा दिल ही जीत लिया। शारलोट तालाब की शोभा निराली थी। हमने घुड़सवारी की, हाथ रिक्शे पर बैठने का मजा भी लिया। हमने अपने कैमरों से वहाँ के कई स्थानों की तस्वीरें खींचीं। वहाँ हम रोज घंटों पैदल चलते थे, पर जरा भी थकान नहीं लगती थी। 

              माथेरान के छोटे से बाजार में दिनभर यात्रियों का मेला लगा रहता था। जूते-चप्पल, शहद, चिक्की, रंगबिरंगी छड़ियाँ, सुंदर सुंदर फूलों के गुलदस्ते आदि चीजें यहाँ खूब बिकती हैं। हमने भी चिक्की और शहद खरीदा। माथेरान में चार दिन चार पल की तरह बीत गए और हम घर लौट आए। वहाँ के मनोहर दृश्य आज भी मेरी आँखों में तैर रहे हैं।

 

ऑक्टोबर २६, २०२६

गाँव की सैर

 

                  गाँव की सैर


[ रूपरेखा : (1) गाँव में जाने का अवसर (2) मित्र के घर में अपनापन (3) गाँव के लोगों का वर्णन (4) गाँव के आसपास का प्राकृतिक दृश्य (5) मन पर असर । ] 

                    होली की छुट्टियों में मैं अपने मित्र राजू के साथ उसके गाँव गया था। राजू के माता-पिता और उसके छोटे भाई बहन गाँव में रहते हैं। सभी ने मुझे बहुत स्नेह दिया। मैं एक सप्ताह उनके साथ गाँव में रहा। इन सात दिनों में मैंने गाँव के जीवन की सरलता और मधुरता का प्रत्यक्ष अनुभव किया। गाँव में मुझे बहुत शांति का भी अनुभव हुआ। 

                    राजू का घर पक्का था। उसकी स्वच्छता और सुंदरता देखने लायक थी। उस घर में शहर की सभी सुविधाएँ उपलब्ध रहीं। गाँव के शीतल जल और शुद्ध भोजन में मुझे अनोखो मिठास का अनुभव हुआ। गाँव के लोग भोले और मेहनती होते हैं। उनके हृदयों में स्नेह और आत्मीयता होता है। वे ज्यादा पढ़े लिखे तो नहीं होते, पर उनमें मानवता कूट-कूट कर भरी हुई होती है। मैं जिस घर में भी गया, उस घर के लोगों ने मेरे साथ स्नेहपूर्ण और ममता भरा व्यवहार किया। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने कहा था कि सच्चा भारत गाँवों में बसता है। राजू के गाँव में मुझे गांधी जी के इस कथन का प्रत्यक्ष अनुभव हुआ।

                 वहाँ मैंने ग्राम पंचायत का शुद्ध और सुलभ न्याय भी देखा। गाँव के कारीगरों और मजदूरों में मैंने ईमानदारी के दर्शन किए। राजू के गाँव में कई मंदिर थे। मैंने उन मंदिरों में जाकर भगवान के दर्शन किए। 

                 गाँव में एक पाठशाला भी थी। मैं वहाँ भी गया। बच्चे जमीन पर बिछे टाट पर कतार में बैठ कर पढ़ रहे थे। सभी बच्चे खूब स्वस्थ थे।

                 मैंने गाँव के हरे भरे खेतों की खूब सैर की खेतों में चना, मटर और गेहूँ की फसलें लहलहा रही थीं। खेतों में दूर-दूर तक फूली हुई सरसों मन मोह लेती थी। कहाँ कहाँ कुएँ के पानी से खेतों की सिंचाई हो रही थी। मैं अपने मित्र के खेत गया.



[ रूपरेखा : (1) गाँव में जाने का अवसर (2) मित्र के घर में अपनापन (3) गाँव के लोगों का वर्णन (4) गाँव के आसपास का प्राकृतिक दृश्य (5) मन पर असर । ] 

                    होली की छुट्टियों में मैं अपने मित्र राजू के साथ उसके गाँव गया था। राजू के माता-पिता और उसके छोटे भाई बहन गाँव में रहते हैं। सभी ने मुझे बहुत स्नेह दिया। मैं एक सप्ताह उनके साथ गाँव में रहा। इन सात दिनों में मैंने गाँव के जीवन की सरलता और मधुरता का प्रत्यक्ष अनुभव किया। गाँव में मुझे बहुत शांति का भी अनुभव हुआ। 

                    राजू का घर पक्का था। उसकी स्वच्छता और सुंदरता देखने लायक थी। उस घर में शहर की सभी सुविधाएँ उपलब्ध रहीं। गाँव के शीतल जल और शुद्ध भोजन में मुझे अनोखो मिठास का अनुभव हुआ। गाँव के लोग भोले और मेहनती होते हैं। उनके हृदयों में स्नेह और आत्मीयता होता है। वे ज्यादा पढ़े लिखे तो नहीं होते, पर उनमें मानवता कूट-कूट कर भरी हुई होती है। मैं जिस घर में भी गया, उस घर के लोगों ने मेरे साथ स्नेहपूर्ण और ममता भरा व्यवहार किया। राष्ट्रपिता महात्मा गांधी ने कहा था कि सच्चा भारत गाँवों में बसता है। राजू के गाँव में मुझे गांधी जी के इस कथन का प्रत्यक्ष अनुभव हुआ।

                 वहाँ मैंने ग्राम पंचायत का शुद्ध और सुलभ न्याय भी देखा। गाँव के कारीगरों और मजदूरों में मैंने ईमानदारी के दर्शन किए। राजू के गाँव में कई मंदिर थे। मैंने उन मंदिरों में जाकर भगवान के दर्शन किए। 

                 गाँव में एक पाठशाला भी थी। मैं वहाँ भी गया। बच्चे जमीन पर बिछे टाट पर कतार में बैठ कर पढ़ रहे थे। सभी बच्चे खूब स्वस्थ थे।

                 मैंने गाँव के हरे भरे खेतों की खूब सैर की खेतों में चना, मटर और गेहूँ की फसलें लहलहा रही थीं। खेतों में दूर-दूर तक फूली हुई सरसों मन मोह लेती थी। कहाँ कहाँ कुएँ के पानी से खेतों की सिंचाई हो रही थी। मैं अपने मित्र के खेत गया.